देवशयनी एकादशी पर माँ अवंतिका शक्तिपीठ में आस्था का सागर उमड़ा, दीपदान से गूंजा मंदिर परिसर
लालकुआँ। देवशयनी एकादशी के पावन एवं पुण्यदायी अवसर पर लालकुआँ स्थित माँ अवंतिका शक्तिपीठ में श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास का अद्भुत संगम देखने को मिला। मंदिर परिसर में विशेष पूजा-अर्चना, वैदिक मंत्रोच्चार, दीपदान एवं भव्य आरती का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने सहभागिता कर भगवान श्रीहरि विष्णु एवं माँ अवंतिका का आशीर्वाद प्राप्त किया।
धार्मिक मान्यता के अनुसार देवशयनी एकादशी से भगवान श्री विष्णु चार माह के लिए योगनिद्रा में प्रवेश करते हैं और इसी के साथ चातुर्मास का शुभारंभ होता है। इस पावन अवसर पर श्रद्धालुओं ने दीप प्रज्वलित कर अपने परिवार, प्रदेश एवं राष्ट्र की सुख-समृद्धि, शांति और मंगल की कामना की। दीपों की दिव्य आभा और भक्ति-भाव से संपूर्ण मंदिर परिसर आध्यात्मिक ऊर्जा से आलोकित हो उठा।
कार्यक्रम में सेंचुरी पल्प एंड पेपर मिल के उपाध्यक्ष श्री नरेश चंद्रा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने माँ अवंतिका के दरबार में विधिवत पूजा-अर्चना कर दीपदान किया तथा कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजन समाज में आध्यात्मिक चेतना, सांस्कृतिक मूल्यों और सामाजिक समरसता को सुदृढ़ करने का कार्य करते हैं।
इस अवसर पर माँ अवंतिका शक्तिपीठ मंदिर समिति के अध्यक्ष श्री लक्ष्मण सिंह खाती, मुख्य पुजारी पंडित चंद्रशेखर जोशी, श्री भरत पांडे, श्री रविंद्र यादव, श्री कमलेश यादव सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे और सभी ने माँ के जयकारों के बीच सामूहिक आरती में भाग लेकर दिव्य वातावरण का अनुभव किया।
कार्यक्रम का समापन माँ अवंतिका की महाआरती एवं श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरण के साथ हुआ। पूरे आयोजन के दौरान मंदिर परिसर भक्तिमय वातावरण, भजन-कीर्तन और दीपों की मनोहारी छटा से आलोकित रहा।
