Advertisement

हल्द्वानी में सनसनीखेज घटना सामने आई है। मंडी बाईपास इलाके में एक निजी विश्वविद्यालय के छात्र का शव मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। यह घटना हल्द्वानी कोतवाली के अंतर्गत मंडी चौकी क्षेत्र की है, जहां एक छात्र का शव जंगल के अंदर की ओर पाया गया।

सूचना मिलते ही सीओ सिटी नितिन लोहनी, कोतवाल राजेश यादव और अन्य पुलिस अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की जांच शुरू की। शव को जांचने के बाद पता चला कि मृतक छात्र हल्दूचौड़ का रहने वाला था और एक निजी विश्वविद्यालय का छात्र था। इस मामले को लेकर पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर फॉरेंसिक टीम से सैंपल और एविडेंस जुटाए हैं।

घटना के संदिग्ध परिस्थितियों में होने की वजह से पुलिस ने कुछ लोगों को पूछताछ के लिए भी बुलाया है। फिलहाल पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और इस मर्डर या आत्महत्या के पहलू पर विचार कर रही है।

अपडेट

ग्राफिक एरा के छात्र की संदिग्ध मौत: क्षेत्र में आक्रोश, मुआवजा और दोषियों की गिरफ्तारी की मांग
लालकुआं।
हल्द्वानी कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत मंडी बाईपास के पास जंगल में ग्राफिक एरा विश्वविद्यालय के 19 वर्षीय छात्र दिव्यांशु पाण्डे का शव मिलने से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। दिव्यांशु लालकुआं विधानसभा के हल्दूचौड़ दौलिया का निवासी था और एक होनहार छात्र के रूप में जाना जाता था। शनिवार शाम को जंगल के भीतर उसका शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिला। सूचना मिलने पर सीओ सिटी नितिन लोहनी और कोतवाल राजेश यादव पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया, जबकि फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य और सैंपल इकट्ठा किए।
घटना के बाद दिव्यांशु के परिजन मौके पर पहुंचे और इस हृदयविदारक घटना से स्तब्ध रह गए। उनका कहना है कि दिव्यांशु किसी विवाद में नहीं था, और उसकी मौत के पीछे गहरी साजिश हो सकती है। घटना के बाद क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि, ग्राम प्रधान और सामाजिक कार्यकर्ता भी घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने पुलिस से निष्पक्ष जांच और दोषियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि लालकुआं और उसके आसपास के क्षेत्रों में अपराध का ग्राफ तेजी से बढ़ रहा है, जिससे लोगों में भय और असुरक्षा की भावना बढ़ रही है। भले ही यह मामला लाल कुआं क्षेत्र से बाहर का हो, लेकिन यहां के निवासियों ने भी इस घटना पर नाराजगी जताई है। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों ने राज्य सरकार से दिव्यांशु के परिवार को 20 लाख रुपये का मुआवजा देने की मांग की है। उनका कहना है कि इस घटना ने पूरे समाज को झकझोर कर रख दिया है और पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता के साथ न्याय मिलना चाहिए।
पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। फॉरेंसिक टीम के सबूत और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर घटना की सच्चाई सामने आने की उम्मीद है।
सामाजिक कार्यकर्ताओ का कहना है कि यह घटना न केवल दिव्यांशु के परिवार बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए एक गहरा आघात है। सरकार को लालकुआं और हल्द्वानी क्षेत्र में अपराध पर नियंत्रण के लिए सख्त कदम उठाने चाहिए। उन्होंने छात्रों और युवाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विश्वविद्यालय और अन्य संस्थानों में सुरक्षा उपाय लागू करने की भी मांग की है।
दिव्यांशु की संदिग्ध मौत ने पूरे क्षेत्र में आक्रोश और दुख का माहौल पैदा कर दिया है। अब सभी की नजरें पुलिस की जांच और सरकार की प्रतिक्रिया पर हैं। क्षेत्रवासियों को उम्मीद है कि दोषियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा और पीड़ित परिवार को न्याय मिलेगा।

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *