नवदिया झादा फ्लाईओवर बनने से राह हुई आसान, हादसों पर लगा ब्रेक
बरेली। बरेली-बीसलपुर हाईवे पर बड़े बाईपास की नवदिया झादा क्रॉसिंग पर वर्षों से चली आ रही दुर्घटनाओं की समस्या का अब समाधान हो गया है। यहां फ्लाईओवर बनने के बाद बरेली से भुता, बीसलपुर, बिलसंडा, बंडा और खुटार होते हुए छोटी काशी गोला गोकर्णनाथ व लखीमपुर तक जाने वाले यात्रियों को सुगम और सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल रही है।
नवदिया झादा क्रॉसिंग पर करीब 10 वर्षों से फ्लाईओवर नहीं होने के कारण लगातार सड़क हादसे होते रहे। इस मार्ग से बड़ी संख्या में लोग आवागमन करते हैं और सावन के दौरान कांवड़ियों की आवाजाही भी बढ़ जाती है। ऐसे में यहां फ्लाईओवर की लंबे समय से आवश्यकता महसूस की जा रही थी।
फ्लाईओवर निर्माण की मांग को लेकर किसान नेता एवं प्रांतीय संरक्षक, क्रांतिकारी विचार मंच उत्तर प्रदेश, देवस्वरूप पटेल ने कई बार कमिश्नर बरेली को ज्ञापन सौंपकर आंदोलन भी किए। इसके बाद फ्लाईओवर का सर्वे कराया गया और प्रस्ताव तैयार हुआ, लेकिन निर्माण कार्य आगे नहीं बढ़ सका।
बाद में जब पीलीभीत सांसद जितिन प्रसाद केंद्र सरकार में मंत्री बने तो देवस्वरूप पटेल ने उनसे नवदिया झादा पर फ्लाईओवर निर्माण की मांग को लेकर मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। उन्होंने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से स्वीकृति दिलाकर निर्माण कराने का अनुरोध किया।
बताया गया कि जितिन प्रसाद ने मामले को गंभीरता से लेते हुए नितिन गडकरी के समक्ष प्रस्ताव रखा, जिसके बाद नवदिया झादा फ्लाईओवर को स्वीकृति मिली और करीब एक वर्ष के भीतर इसका निर्माण पूरा करा दिया गया।
फ्लाईओवर बनने के बाद अब इस मार्ग पर यातायात पहले की अपेक्षा अधिक सुगम और सुरक्षित हो गया है। सावन के महीने में पहली बार कांवड़िये भी बिना क्रॉसिंग पर रुकावट के बीसलपुर से गोला गोकर्णनाथ स्थित भगवान शिव की नगरी तक सुरक्षित यात्रा कर रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि फ्लाईओवर बनने के बाद दुर्घटनाओं में भी प्रभावी रूप से कमी आई है।
किसान नेता देवस्वरूप पटेल ने कहा कि नवदिया झादा पर फ्लाईओवर का निर्माण क्षेत्र की वर्षों पुरानी ज्वलंत समस्या का समाधान है। उन्होंने इसके लिए केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद और केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी का आभार जताते हुए कहा कि इससे हजारों लोगों को सुरक्षित और सुविधाजनक आवागमन का लाभ मिलेगा।
