शाहजहांपुर -उत्तर प्रदेश
शाहजहांपुर में शिक्षा के नाम ऐतिहासिक फैसला, 222 करोड़ की जमीन दान की
शाहजहांपुर । जनपद में आज शिक्षा का नया इतिहास लिखा। मुमुक्षु आश्रम के अधिष्ठाता स्वामी चिन्मयानंद सरस्वती ने 222 करोड़ की भूसंपत्तियाँ स्वामी शुकदेवानंद विश्वविद्यालय को सौंप दीं। यह सिर्फ जमीन का टुकड़ा नहीं, आने वाली पीढ़ियों के भविष्य की नींव है रजिस्ट्री कार्यालय में बड़ा कदम उठा। स्वामी चिन्मयानंद खुद पहुंचे। साथ थे बरेली के क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी प्रो. सुधीर चौहान, कुलसचिव वीरेंद्र कुमार मौर्य, डॉ. अवनीश कुमार मिश्रा और अशोक अग्रवाल। सब रजिस्ट्रार धर्मेन्द्र कुमार सिंह के सामने दान पत्र पर मुहर लगी। राज्यपाल की ओर से प्रो. चौहान ने हस्ताक्षर किए। गवाह बने मौर्य और डॉ. मिश्रा।मीडिया के सामने स्वामी चिन्मयानंद का स्वर साफ था। 6 दशक पहले स्वामी शुकदेवानंद का सपना था, जिसे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हकीकत बनाया। 1989 में शाहजहांपुर के स्कूलों की हालत बदतर थी। तब संकल्प लिया। पहला CBSE स्कूल शंकर मुमुक्षु विद्यापीठ खोला। SS कॉलेज में 14 विषयों में PG शुरू की। SS लॉ कॉलेज खड़ा किया।
आज यह विश्वविद्यालय जनता को समर्पित है। स्वामी चिन्मयानंद बोले, यह सिर्फ डिग्री न बांटे, शोध, संस्कार और राष्ट्र चेतना का केंद्र बने। शिक्षा का यह यज्ञ रुकेगा नहीं। इस जनहित के काम की प्रशंसा पूरे प्रदेश में हो रही है। शासन, प्रशासन ने भी इसकदम को स्वागत योग्य बताया है।


