रमजान के बाद खुशियों की ईद, लालकुआं में अकीदत के साथ अदा हुई नमाज
ईद की नमाज में उमड़ा जनसैलाब, अमन-चैन और तरक्की की मांगी दुआ
लालकुआं में ईद की रौनक, गले मिलकर दी मुबारकबाद, हर ओर खुशियों का माहौल
इबादत के महीने का इनाम बनी ईद, मस्जिदों में गूंजा भाईचारे का संदेश
जामा और रोशन मस्जिद में अदा हुई ईद की नमाज, दुआओं से महका माहौल
लालकुआं में ईद-उल- फ़ित्र की रौनक, नमाज और दुआओं में गूंजा अमन-भाईचारे का पैगाम
लालकुआं। ईद-उल- फ़ित्र का त्यौहार पूरे हर्षोल्लास, अकीदत और भाईचारे के साथ शांतिपूर्ण माहौल में मनाया गया। रमजान के मुकद्दस महीने के बाद आई इस खुशी की ईद पर सुबह से ही रोजेदार नए कपड़े पहनकर मस्जिदों की ओर रुख करते नजर आए। जामा मस्जिद और रोशन मस्जिद में बड़ी संख्या में नमाजियों ने पहुंचकर ईद की नमाज अदा की और मुल्क में अमन-चैन, खुशहाली तथा भाईचारे की दुआ मांगी।
सुबह से ही मस्जिदों में नमाजियों का आना शुरू हो गया था। निर्धारित समय पर जामा मस्जिद में इमाम हसीन रजा और रोशन मस्जिद में इमाम नाजिर रजा कादरी ने ईद की नमाज अदा करवाई। नमाज के बाद अपने खुत्बे में इमामों ने रमजान के पैगाम पर रोशनी डालते हुए कहा कि यह महीना इंसान को सब्र, सादगी और इबादत की सीख देता है, और ईद उसी इबादत का इनाम है, जो मोहब्बत, इंसानियत और भाईचारे का संदेश लेकर आती है।
नमाज के बाद नमाजियों ने एक-दूसरे से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी और मुल्क व कौम की तरक्की के लिए दुआएं मांगीं। शहर के विभिन्न समाजसेवी संगठनों और राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों ने भी मस्जिदों के बाहर पहुंचकर नमाजियों का स्वागत किया और उन्हें ईद की बधाई दी। पूरे क्षेत्र में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए, जिससे त्यौहार शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ।
ईद की खुशियां घर-घर में भी देखने को मिलीं। नमाज के बाद लोग अपने घर लौटे, जहां खास दस्तरख्वान सजाए गए थे। मेवा सेवई, जर्दा, खीर सहित कई तरह के लजीज पकवान तैयार किए गए। लोगों ने एक-दूसरे के घर जाकर मुबारकबाद दी और इन व्यंजनों का लुत्फ उठाया।
इस मौके पर हाफिज फईम रजा, मेराजुल नवी, सदर सफी अहमद, इमरान खान, गुलाम नवी गामा गुज्जर, यूसुफ , साहिल अंसारी , आसिफ अंसारी इस्तगार अंसारी, ख्वाजा अहमद, मुख्तयार अंसारी, मौलाना अब्दुल हफीज, नफीस अहमद, फिरोज खान समेत बड़ी संख्या में नमाजी मौजूद रहे।


