हल्द्वानी
शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद जी सहित संत समाज के अपमान के विरोध में कांग्रेस का मौन संदेश, प्राचीन राम मंदिर प्रांगण से उठा सनातन सम्मान का स्वर।
माघ मेले, प्रयागराज में शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद जी महाराज सहित अनेक साधु-संतों एवं संन्यासियों के साथ हुई अमर्यादित एवं निंदनीय बदसलूकी के विरोध में आज महानगर कांग्रेस द्वारा हल्द्वानी विधायक श्री सुमित हृदयेश के नेतृत्व में प्राचीन राम मंदिर, रामलीला मोहल्ला के प्रांगण में दो घंटे का मौन उपवास रखा गया। कांग्रेसजनों ने पूर्ण श्रद्धा एवं अनुशासन के साथ मौन उपवास कर सनातन धर्म, संत समाज एवं धार्मिक परंपराओं के प्रति अपनी आस्था और सम्मान प्रकट किया। मौन उपवास का समापन सामूहिक रूप से हनुमान चालीसा के पाठ के साथ किया गया।
विधायक सुमित हृदयेश ने कहा कि माघ मेले जैसे पावन आयोजन में शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद जी महाराज सहित साधु-संतों के साथ हुई बदसलूकी अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और अस्वीकार्य है। संत समाज सदैव हमारे मार्गदर्शक रहे हैं और सनातन धर्म की आत्मा हैं। उनका अपमान किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। आज का मौन उपवास किसी राजनीतिक उद्देश्य के लिए नहीं, बल्कि सनातन धर्म की गरिमा, संत समाज के सम्मान और धार्मिक मूल्यों की रक्षा के लिए रखा गया है।
कांग्रेस पार्टी हर धर्म का सम्मान करती है और सदैव आस्था, संस्कृति एवं भाईचारे की रक्षा के लिए जनता के साथ खड़ी रहेगी।
महानगर कांग्रेस अध्यक्ष एडवोकेट गोविंद सिंह बिष्ट ने कहा कि संत-महात्माओं का अपमान न केवल सनातन संस्कृति का अपमान है, बल्कि यह देश की धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत पर भी आघात है। कांग्रेस पार्टी सदैव धर्म, आस्था और संविधान के मूल्यों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध रही है और आगे भी ऐसे किसी भी कृत्य का पुरजोर विरोध करती रहेगी।
इस दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे और सभी ने एक स्वर से दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई सहित भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न होने की बात कही।
मौन उपवास मे पूर्व विधायक हेमेश खर्कवाल, हेमन्त बगड़वाल, एन बी गुणवंत, अवध विहारी शर्मा, नरेश अग्रवाल, जीवन कार्की, मलय बिष्ट, दीप पाठक, गोविंद बगड़वाल, शोभा बिष्ट, जया कर्नाटक, राजो टंडन, पार्षद नीमा भट्ट, पार्षद रवि जोशी, पार्षद मुकुल बलुटिया, पार्षद हेमन्त शर्मा, पार्षद हरगोविंद रावत, ब्लॉक अध्यक्ष मोहन बिष्ट, हेमन्त साहू, डॉ केदार पलड़िया, संजू पाना, दिवेश तिवारी, संजू उप्रेती, कैलाश साह, गुरप्रीत प्रिंस, हरीश बलुटिया, जगमोहन बगड़वाल, अमित रावत, नितिन भट्ट, संदीप पांडे, गिरीश पांडे, पंडित मदन मोहन जोशी, पंडित विवेक शर्मा, सविता गुरुरानी, अल्का आर्य, गीता बहुगुणा, राधा आर्य, अनिता बिष्ट, सुमित कुमार, देवेंद्र नेगी, हेमन्त बगड़वाल, रविन्द्र रावत, कार्तिक बिष्ट, हिमांशु जोशी, जीवन बिष्ट, उदित करायत, राम सिंह नगरकोटी, हरेंद्र क्वीरा आदि उपस्थित रहे।


